Forgot password? Create an Account
SALMAN KA BLOG ― भ्रष्टाचार। बड़ा मर्ज। इस रोग का चहुंमुखी व्यापक दुष्प्रभाव। जनता इस मर्ज को अपनी नियति मान बैठी थी। भला हो जननायक अन्ना हजारे का, जिनके आंदोलन ने जनता को जागरूक किया। अब जनता जाग चुकी तो जनार्दन को भी जागना पड़ रहा है। ∙ जवाब: सरकार ने...
Tags: पॉलिटिकल एक्सप्रेस, Anti-graft Act, Corrupt Officers In Government Offices, Corruption In India, Corruption In Lokayukta, Corruption In Rajasthan
SALMAN AHMED ― 19 Sep, 11
SALMAN KA BLOG ― सूचना का अधिकार ∙ 12 अक्टूबर, 2005 को सूचना का अधिकार कानून अस्तित्व में आया। इसके लागू होने के बाद माना गया था कि जनता जर्नादन तक सूचनाओं की पहुंच आसान हो जाएगी और सरकारी जवाबदेही और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने में यह कानून कारगर साबित होगा।...
Tags: जनरल डब्बा, Anti-graft Act, Corrupt Officers In Government Offices, Corruption In India, Corruption In Lokayukta, Corruption In Rajasthan
Cruelity of a Doctor ― भ्रष्टाचार। बड़ा मर्ज। इस रोग का चहुंमुखी व्यापक दुष्प्रभाव। जनता इस मर्ज को अपनी नियति मान बैठी थी। भला हो जननायक अन्ना हजारे का, जिनके आंदोलन ने जनता को जागरूक किया। अब जनता जाग चुकी तो जनार्दन को भी जागना पड़ रहा है। ∙ जवाब: सरकार ने...
Rajiv Jain ― 19 Sep, 11
Cruelity of a Doctor ― सूचना का अधिकार ∙ 12 अक्टूबर, 2005 को सूचना का अधिकार कानून अस्तित्व में आया। इसके लागू होने के बाद माना गया था कि जनता जर्नादन तक सूचनाओं की पहुंच आसान हो जाएगी और सरकारी जवाबदेही और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने में यह कानून कारगर साबित होगा।...
life is precious save it ― भ्रष्टाचार। बड़ा मर्ज। इस रोग का चहुंमुखी व्यापक दुष्प्रभाव। जनता इस मर्ज को अपनी नियति मान बैठी थी। भला हो जननायक अन्ना हजारे का, जिनके आंदोलन ने जनता को जागरूक किया। अब जनता जाग चुकी तो जनार्दन को भी जागना पड़ रहा है। ∙ जवाब: सरकार ने...
life is precious save it ― सूचना का अधिकार ∙ 12 अक्टूबर, 2005 को सूचना का अधिकार कानून अस्तित्व में आया। इसके लागू होने के बाद माना गया था कि जनता जर्नादन तक सूचनाओं की पहुंच आसान हो जाएगी और सरकारी जवाबदेही और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने में यह कानून कारगर साबित होगा।...
So last week I was craving a salad and I remembered what an amazing salad I had once at ...
After attempting to accept her fate in the strange fishbowl world, Kendíka decides ...
I just like to say “Shopability”! But retailers today need to be able to say ...